बदायूं-डबल मर्डर के बाद एसएसपी ब्रजेश कुमार सिंह का तबादला लखनऊ कर दिया गया उनके स्थान पर कासगंज की तेज़तर्रार 2018 बेच की आईपीएस अंकिता शर्मा को ज़िले की कमान सौपी गई।
जिससे कि ज़िले की कानून व्यवस्था में सुधार आ सके और आये दिन हो रही घटनाओं पर अंकुश लग सके।उसी को देखते हुए सूबे के मुखिया योगी आदित्यनाथ ने कासगंज की तेज़तर्रार एसएसपी को बदायूं की कमान सौपी है।
आपको बताते चले दो दिन पूर्व में एचपीसीएल में तैनात जनरल मैनेजर सुधीर गुप्ता और हर्षित को उस वक़्त गोली मार दी जाती है।जब वे एक मीटिंग ले रहे थे।तभी आरोपी प्लांट में घुस जाता है और मीटिंग हॉल में जाकर सुधीर गुप्ता और हर्षित को अपना निशाना बना लेता है।जिनकी अस्पताल पहुँचते पहुँचते म्रत्यु हो जाती है।

पुलिस द्वारा आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाता है और रात में आरोपी अजय के दोनों पैरों में गोलियां मार दी जाती है।
लेकिन विपक्ष अभी भी शांत नही हुआ होता भी क्यों लगातार परिजनों की तरफ से ज़िले के कप्तान पर तमाम तरह के आरोप लगाए जा रहे थे।की एसएसपी अपने ऑफिस में अभियुक्त को चाय पिलाते थे।परिजनों का ये भी आरोप है उनके पिता सुधीर गुप्ता लगातार निवर्तमान एसएसपी ब्रजेश कुमार सिंह से मिलकर सुरक्षा की मांग कर रहे थे न सुरक्षा उपलब्ध कराई गई और न ही अभियुक्त की गिरफ्तारी की गई।एक ओर आरोप परिजनों ने लगाया है कि डीएम के आदेश के बाद मुकदमा तो पंजीकृत कर लिया गया था लेकिन उक्त मामले में न चार्जशीट लगाई गई और न हत्या करने वाले आरोपी की गिरफ्तारी की गई।साथ ही आरोपी पर गैंगेस्टर की कार्यवाही भी पुलिस के द्वारा की गई थी लेकिन उसके बाद भी आरोपी सलाखों में न जाकर ऐसे खुल्ला घूमता रहा।जिसकी वजह से उसने इतनी बड़ी घटना को अंजाम दे दिया।अब चार्ज संभालते ही मौके पर डीएम के साथ पहुँची एसएसपी अंकिता शर्मा ने एचपीसीएल प्लांट के अंदर सुरक्षा की दृष्टि से चौकी बनाने की बात कही है साथ ही चौकी पर दो दरोगा ओर आठ सिपाहियों की पोस्टिंग की जाएगी जिससे कि सुरक्षा में कोई लापरवाही न हो।वही एसएसपी ने सभी थाना प्रभारियों को निर्देशित किया है अपने अपने क्षेत्रों में लगातार फूट पेट्रोलिंग करे जिससे कि गुंडे अपराधियो में पुलिस का खोफ रहे।
रिपोर्ट शाज़ेब खान चीफ एडिटर




